– आखिरी दिन तक आवेदन लेकर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें
– समय सीमा पत्रों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक आयोजित
भिण्ड, 15 जून। समय सीमा पत्रों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक कलेक्टर किरोड़ीलाल मीणा की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। जिसमें अपर कलेक्टर एलके पाण्डेय, डिप्टी कलेक्टर सहित अन्य विभागों के जिला अधिकारी तथा कई अधिकारी वर्चुअल रूप से उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान कलेक्टर किरोड़ीलाल मीणा ने सीएम हेल्पलाइन के लंबित आवेदनों की गहन समीक्षा करते हुए सभी विभागों के अधिकारियों को शिकायतों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी विभाग सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए विशेष ध्यान दें। विभागवार लंबित शिकायतों की स्थिति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देशित किया कि आवेदनों के निराकरण में अनावश्यक विलंब न किया जाए। साथ ही निराकृत प्रकरणों में संतुष्टि स्तर बेहतर रखने के लिए गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने बैठक के दौरान जनकल्याण शिविरों में प्राप्त आवेदनों, उनके निराकरण और लंबित मामलों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने जन कल्याण शिविरों की सार्थकता पर जोर देते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि जन कल्याण शिविर केवल औपचारिकता न बनें, बल्कि आखिरी दिन तक आवेदन लेकर उनमें त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। अधिकारियों को कहा गया कि आवेदनों की समयबद्ध निस्तारण रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए और लंबित मामलों को प्राथमिकता दी जाए। कलेक्टर ने शिविरों में जनता की संतुष्टि पर विशेष ध्यान रखने और समस्याओं के स्थाई समाधान सुनिश्चित करने की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि आवेदनों के डिजिटल रिकार्ड समय-समय पर अपडेट हों ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
कलेक्टर ने बैठक के दौरान निर्देश दिए कि जिले के सभी सरकारी व निजी स्कूल कल से पूर्ण रूप से संचालित होंगे। सभी शिक्षक नियमित उपस्थिति दें और शैक्षणिक गतिविधियों को उत्सव के रूप में मनाएं, जिससे बच्चों में पढ़ाई का उत्साह लौटे। उन्होंने समग्र ई-केवाईसी की समीक्षा कर कहा कि समस्त नगरीय निकाय सीएमओ और सीईओ जनपद समग्र ई-केवाईसी पर विशेष ध्यान दें और कार्य में प्रगति लाएं। साथ ही छूटे हुए लोगों की समग्र आईडी बनाएं। संबंधित अधिकारियों द्वारा जिले के सभी किसानों की फार्मर रजिस्ट्री शत-प्रतिशत पूरी की जाए।
कलेक्टर ने सभी सीईओ जनपद को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री आर्थिक कल्याण संबल योजना के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि जिन आवेदनों में कोई कमी या दस्तावेज अधूरे हैं, उन्हें अधिकारी एवं कर्मचारी स्वयं पहल कर पूर्ण कराएं, ताकि पात्र हितग्राहियों को शासन की ओर से मिलने वाली आर्थिक सहायता का लाभ शीघ्र प्राप्त हो सके। कलेक्टर ने कहा कि जरूरतमंद परिवारों तक समय पर सहायता पहुंचाना प्रशासन का दायित्व है। उन्होंने सीएम मॉनिट, सीएस मॉनिट, टीएल पत्र निराकरण की समीक्षा की एवं संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।


