भिण्ड, 24 फरवरी। युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय भारत सरकार एवं उच्च शिक्षा विभाग मप्र सरकार के माध्यम से प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस शा. एमजेएस महाविद्यालय भिण्ड की राष्ट्रीय सेवा अधिकारी एक का साथ दिवसीय इकाई नेतृत्व प्रशिक्षण शिविर द्वितीय दिवस के अवसर पर मंगलवार को गायत्री मन्दिर गोद ग्राम कुम्हरौआ में विभिन्न गतिविधियां हुईं। शिविर में मुख्य अतिथि प्रो. गिरिजा नरवरिया, विशिष्ट अतिथि प्रो. कल्पना कुलश्रेष्ठ एवं कार्यक्रम की अध्यक्षता स्वयंसेविका शालिनी राजावत ने की। शिविर निदेशक एवं कार्यक्रम अधिकारी प्रो. अनिता बंसल तथा सहायक के रूप में सहायक प्राध्यापक सुरभि बाथम भी मंचासीन रहीं। सर्वप्रथम मां सरस्वती एवं स्वामी विवेकानंद की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर बौद्धिक सत्र का शुभारंभ किया गया।
मुख्य अतिथि डॉ. गिरजा नरवरिया ने सशक्त नारी सशक्त भारत पर व्याख्यान दिया। उन्होंने कहा कि एक आत्मनिर्भर और प्रगतिशील राष्ट्र का मूल मंत्र है जो महिलाओं की सुरक्षा, शिक्षा और स्वास्थ्य को सर्वोपरि मानता है, बेटी बचाओ और बेटी पढ़ाओ। बेटी को भी बेटे के समान अधिकार दो। बेटियों की शादी सही उम्र पर एवं आत्मनिर्भर बन जाए तब ही करें।
विशिष्ट अतिथि प्रो. कल्पना कुलश्रेष्ठ ने नारी शिक्षा पर अपने वक्तव्य में कहा कि किस तरह एक सशक्त, विकसित और जागरूक समाज की आधारशिला नारियां होती हैं, शिक्षित महिलाएं न केवल आत्मनिर्भर बनकर परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारती हैं बल्कि स्वास्थ्य पोषण बच्चों की शिक्षा में बेहतर निर्णय लेकर आने वाली पीढ़ियों का भविष्य भी सुधारती हैं। परियोजना कार्य के अंतर्गत स्वयं सेविकाओं ने गांव का भ्रमण किया। शिविर दर्पण प्रतीक्षा तोहरे, रागनी छात्राओं द्वारा बनाया गया। छात्राओं द्वारा गायत्री मन्दिर परिसर में स्वच्छता अभियान चलाया।
Wednesday, June 24
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