– पात्र हितग्राही ऑनलाइन व सीएससी के माध्यम से करा सकते हैं पंजीयन
भिण्ड, 13 फरवरी। भारत सरकार द्वारा असंगठित क्षेत्र में कार्यरत श्रमिकों की सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना (पीएम-एसवायएम) संचालित की जा रही है। यह योजना श्रमिकों को वृद्धावस्था में आर्थिक संबल प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। योजनाांतर्गत ऐसे असंगठित क्षेत्र के श्रमिक जिनकी आयु 18 से 40 वर्ष के बीच है, मासिक आय 15 हजार रुपए तक है तथा जो आयकरदाता नहीं हैं और ईपीएफओ (पीएफ), ईएसआईसी या एनपीएस के सदस्य नहीं हैं, वे इस योजना के लिए पात्र हैं और अपना पंजीयन करा सकते हैं।
प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना में लाभार्थी को आयु के अनुसार 55 से 200 रुपए तक मासिक अंशदान करना होता है। लाभार्थी द्वारा जमा की गई राशि के बराबर अंशदान केन्द्र सरकार द्वारा भी योगदान के रूप में किया जाता है। योजना के तहत 60 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर लाभार्थी को न्यूनतम 3 हजार रुपए प्रति माह पेंशन प्रदान की जाती है। वहीं लाभार्थी की मृत्यु की स्थिति में उनके जीवनसाथी को पेंशन की 50 प्रतिशत राशि पारिवारिक पेंशन के रूप में देय होती है। योजना में पंजीयन की सुविधा जिले के कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) एवं ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध है। श्रम पदाधिकारी भिण्ड ने असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों से अपील की है कि वे इस जन कल्याणकारी योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अपने भविष्य को सुरक्षित करें। अधिक जानकारी के लिए श्रमिक नजदीकी सीएससी केन्द्र से संपर्क कर सकते हैं।


