– संविधान दिवस के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
भिण्ड, 27 नवम्बर। प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण भिण्ड केएस बारिया के निर्देशानुसार एवं न्यायाधीश व सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अनुभूति गुप्ता के मार्गदर्शन में बुधवार को संविधान दिवस के अवसर पर वेदांता इंटरनेशनल स्कूल भिण्ड एवं बाबा कॉवेंट उमावि भिण्ड में संविधान दिवस के अवसर पर विधिक साक्षरता एवं जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट भिण्ड निधि नीलेश श्रीवास्तवएवं जिला विधिक सहायता अधिकारी देवेश शर्मा ने छात्र-छात्राओं को संविधान दिवस के इतिहास के साथ ही संविधान के प्रमुख उपबंधों, मूल अधिकारों, मूल कर्तव्यों एवं विभिन्न जनउपयोगी कानूनों के बारे में जागरूक किया। इसी क्रम में भारतीय संविधान के अंतर्गत वर्णित मूलभूत अधिकारों एवं मौलिक कर्तव्यों के बारे में बच्चों को जानकारी देते हुए बताया कि भारतीय संविधान हमें मुख्यत: 6 अधिकार प्रदत्त करता है तथा कुल 11 हमारे मौलिक कर्तव्य संविधान द्वारा निर्धारित किए गए हैं। अधिकार जैसे- समानता का अधिकार, स्वतंत्रता का अधिकार, शिक्षा का अधिकार, जीवन एवं दैहिक स्वतंत्रता का अधिकार, शोषण के विरूद्ध अधिकार एवं धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार आदि आते हैं। वहीं हमारे मौलिक कर्तव्यों के अंतर्गत संविधान एवं राष्ट्रीय ध्वज एवं राष्ट्रीय प्रतीक का सम्मान करना, भाई-चारे को बढ़ावा देना तथा वैज्ञानिक सोच को विकसित करना, पर्यावरण की रक्षा करना तथा जीव-जंतुओं के प्रति दया-भाव रखना, आव्हान किए जाने पर देश की रक्षा के लिए तत्पर रहना, जीवन में उत्कृष्टता की ओर प्रयास करना, सार्वजनिक संपत्ति की रक्षा करना एवं हिंसा न करना, 6 से 14 बच्चों को आवश्यक रूप से विद्यालय भेजना आदि है।
उन्होंने कहा कि हम सभी को उपरोक्त सभी अधिकारों एवं कर्तव्यों का बोध होना चाहिए, जिससे कि हम समाज में एक सशक्त, सक्षम एवं जागरूक नागरिक बनकर अपने देश को असीम प्रगति की ओर ले जाएं। इसके अलावा न्यायाधीश ने नि:शुल्क विधिक सहायता प्राप्त करने हेतु नालसा टोल फ्री नं.15100 के बारें में विस्तृत रूप से जानकारी दी। कार्यक्रम में एलएडीसी अधिवक्ता प्रियंका शर्मा सेंथिया तथा विद्यालय के प्राचार्य सीमा मेहरोत्रा, अध्यापकगण, बच्चे एवं पीएलव्ही भिण्ड मंजर अली मौजूद रहे।


