– टेंट के पुराने भुगतान के एवज में मांगी थी 50 हजार की घूस
भिण्ड, 05 जनवरी। गोहद नगर पालिका में भ्रष्टाचार का एक बड़ा मामला सामने आया है। लोकायुक्त पुलिस की टीम ने नगर पालिका में पदस्थ आरएसआई (रेवेन्यू सब इंस्पेक्टर) अवधेश यादव को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी पर टेंट के पुराने भुगतान को पास कराने के एवज में कुल 50 हजार रुपए रिश्वत की मांग करने का आरोप है।
जानकारी के अनुसार गोहद नगर पालिका में टेंट सप्लाई से जुड़े एक ठेकेदार नसीर खान उर्फ बल्लू का पूर्व में किए गए कार्यों का भुगतान लंबित था। भुगतान फाइल आगे बढ़ाने और राशि जारी कराने के बदले आरएसआई अवधेश यादव ने ठेकेदार से 50 हजार रुपए की अवैध मांग की। रिश्वत की मांग से परेशान होकर पीड़ित ने इसकी शिकायत लोकायुक्त कार्यालय में की। शिकायत का सत्यापन कराने के बाद लोकायुक्त पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की। तय योजना के तहत ठेकेदार को रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 20 हजार रुपए आरोपी आरएसआई को देने भेजा गया। जैसे ही अवधेश यादव ने रिश्वत की राशि ली, पहले से घात लगाए बैठी लोकायुक्त टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। लोकायुक्त पुलिस ने आरोपी के हाथ धुलवाए, जिनका रंग केमिकल के प्रभाव से बदल गया, जिससे रिश्वत लेने की पुष्टि हुई। इसके बाद आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया। कार्रवाई के दौरान नगर पालिका कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। फरियादी नसीर खान उर्फ बल्लू का 97 हजार एवं 3 लाख 50 हजार रुपए का भुगतान नगर पालिका से होना था जिसकी एबज में 50 हजार की रिश्वत मांगी गई थी। जिसे समझौता करने के बाद 30 हजार में सौदा तय हुआ, जिसकी पहली किस्त के रूप में 20 हजार रुपए दिए गए, फरियादी द्वारा 2023 से निरंतर शिकायत की जा रही है। उक्त कार्रवाई में 22 दिसंबर 2025 को शिकायत की गई। इसके बाद 30 दिसंबर को दोबारा से शिकायत की गई एवं एक जनवरी को 10 हजार रुपए रिश्वत के लिए देने आए लेकिन राशि कम होने की वजह से वापस कर दिया गया। सोमवार को 20 हजार रुपए की राशि फरियादी द्वारा अवधेश यादव को दी गई जिसके बाद लोकायुक्त की टीम ने रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। उक्त टीम में लोकायुक्त डीएसपी विनोद सिंह कुशवाहा, टीआई कैपीएस वैन, प्रधान आरक्षक देवेन्द्र पवैया, हेमंत शर्मा, आरक्षक प्रशांत कुशवाहा, विनोद शाक्य, सुरेन्द्र सेमल, रवि सिंह, विसंबर भदौरिया मुख्य रूप से शामिल रहे।


