– कार, मोबाइल, लैपटॉप सहित एटीएम कार्ड व अन्य दस्तावेज बरामद
भिण्ड, 27 दिसम्बर.मनीष दुबे
आम जनता को लोन का प्रलोभन देकर एवं ऑनलाईन गेमिंग के नाम पर युवाओं को लालच में फंसाकर सायबर फ्रॉड करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश कर पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से अर्टिगा कार क्र. आर.जे.18 टी.ए.5479 कीमत 10 लाख रुपए, आठ मोबाईल एक-एक लैपटॉप, सिम कार्ड, कार्ड रीडर, चार पैन कार्ड, सात एटीएम कार्ड, एक पासबुक, चार आधार कार्ड एवं दो चेकबुक बरामद की हैं।
आरोपीगण स्थानीय लोगों को तत्काल लोन का प्रलोभन देकर उनके बैंक खाते खरीदने के उपरांत उनका प्रयोग ऑनलाईन गेमिंग डिजिटल अरेस्ट एवं अन्य सायबर फॉड करके ठगी की राशि हस्तांतरण करते थे। इस आरोपियों द्वारा महाराष्ट्र, मप्र, राजस्थान, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा आदि प्रदेशों में खरीदे गए बैंक खाते जिनका प्रयोग सायबर फॉड की राशि का लेन-देन में किया गया है। मात्र कुछ महीने में ही बैंक खातों के माध्यम से ही करोड़ों रुपयों की राशि का लेन-देन आया सामने आया है। आरोपीगण खाता होल्ड होने से पहले क्यूआर कोड तथा अन्य डिजिटल पेंमेंट के माध्यम से रकम निकाल लेते थे।
जानकारी के अनुसार फरियादी ने थाना ऊमरी में 19 दिसंबर को शिकायत की थी कि वह हर महीने खाटूश्याम जिला सीकर राजस्थान में जाता था। जहां उसकी पहचान आरोपियों से हुई बातों-बातों में आरोपियों ने उससे सरकारी योजना के लोन तथा प्राइवेट कंपनी से लोन दिलाने का झांसा देकर उसके बैंक का खाता, एटीएम कार्ड सिम, आधार कार्ड व पेन कार्ड की कॉपी ले ली है तथा एक खाते में एक लाख से अधिक राशि का लोन प्राप्त न होने की कहानी बनाकर फरियादी से उसके 5-6 दोस्त तथा रिश्तेदारों के खाते एवं दस्तावेज आरोपियों ने ले लिए। लोन न मिलने पर फरियादी ने आरोपियों से बार-बार संपर्क किया, किंतु कोई स्पष्ट जबाव नहीं मिला। इसके बाद फरियादी ने अपने बैंक खाते की डिटेल चैक की जिसमें लाखों रुपए का लेन-देन सामने आया। इसी प्रकार उसके द्वारा दिए गए अपने रिश्तेदारों के अन्य खातों में भी लाखों रुपए का लेन-देन का मामला सामने आया। तब फरियादी को अपने साथ हुई धोखाधड़ी का अहसास हुआ तो उसने तत्काल ऊमरी पुलिस को अपने साथ हुए सायबर फ्रॉड की जानकारी दी। ऊमरी थाना पुलिस ने घटना की तस्दीक करने के उपरांत तत्काल आरोपियों के विरुद्ध मामला पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया।
इस सायबर फ्रॉड की घटना को पुलिस अधीक्षक भिण्ड डॉ. असित यादव ने गंभीरता से लिया तथा एएसपी संजीव पाठक के निर्देशन एवं उपुपलिस अधीक्षक मुख्यालय दीपक तोमर के मार्गदर्शन में आरोपियों को तत्काल पकड़ने हेतु थाना ऊमरी, नयागांव, बरोही एवं सायबर सेल की संयुक्त टीम गठित की। टीम ने संयुक्त रूप से कार्य करते हुए तकनीकि साक्ष्य एकत्रित किए एवं मुखबिर तंत्र संकिय किया। जिसके आधार पर 20 दिसंबर को मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि आरोपीगण एक अर्टिगा गाड़ी से भागने की फिराक में है। जिन्हें उक्त टीम ने थाना गोहद चौराहा क्षेत्र में छीमका गांव के पास घेराबंदी कर दबोच लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि वे सभी राजस्थान के रहने वाले हैं तथा आम जनता के साथ लोन, सरकारी नौकरी तथा अन्य प्रकार से पैसे कमाने का लालच देकर उनसे उनके खाते खरीद लेते है तथा उन खातों का उपयोग वह ऑनलाईन गेमिंग, डिजिटल अरेस्ट, सायबर फॉड से मिली राशि का लेन-देन में उपयोग करते थे। आरोपियों द्वारा फरियादी एवं उसके साथी से छलपूर्वक प्राप्त किए गए बैंक खातों में करीब 3 करोड़ रुपए से अधिक का लेन-देन अभी तक सामने आया है। साथ ही यह तथ्य भी सामने आया है कि इनके द्वारा भिण्ड में अन्य लोग से भी खाते लिए गए हैं, जो म्यूट अकाउंट के रूप में सायबर ठगी में प्रयोग कर रहे थे।
वारदात का तरीका
गिरफ्तारशुदा पाचों आरोपी जयपुर में किराए के फ्लैट से सायबर ठगी का नेटवर्क चलाते थे। अलग-अलग राज्यों में दलालों के माध्यम से भोले-भाले लोगों को पैसों का लालच देकर उनसे पांच से दस हजार रुपए में खाता खरीदते थे। साथ ही किसी-किसी व्यक्ति से लोन व शासकीय योजना के नाम से खाता खुलवाकर खाते से जुडे एटीएम व सिम ले लेते थे। जिन्हें ऑनलाईन गेमिंग से प्राप्त पैसों के ट्रांजेक्शन तथा अन्य सायबर अपराधों जैसे डिजिटल अरेस्ट सैक्सटोर्सन, ओटीपी फ्रॉड, होटल बुकिंग फ्रॉड से प्राप्त होने वाले पैसे के ट्रांजेक्शन के लिए इस्तेमाल करते थे। खातों से पैसा प्राप्त होने पर उसके एक खाते से दूसरे खाते में घुमाते थे जिससे कि पुलिस को ट्रेक करना मुश्किल हो। बाद में अलग-अलग माध्यमों से पैसा निकाल लेते थे। पूछताछ में बताया गया कि टेलीग्राम पर बनी आईडी के माध्यम से ऑनलाईन गेम का प्रचार प्रसार करते थे तथा वहीं पर लोगों को फंसाकर आईडी पासवर्ड देकर लोगों को लॉगिन कराकर ऑनलाईन गेम खिलवाते थे। आरोपियों द्वारा जिन खातों का उपयोग रकम की लेनदेन में किया जा रहा था उन सभी खातों को पुलिस द्वारा होल्ड करवाने की कार्रवाई की जा रही है। साथ ही आरोपियों के अलग-अलग खातों में मिली करीब एक लाख रुपए की राशि को भी होल्ड करवाया गया है।
इनकी रही सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी ऊमरी निरीक्षक शिवप्रताप राजावत, उपनिरीक्षक ध्यानेन्द्र सिंह, थाना प्रभारी नयागांव वैभव तोमर, थाना प्रभारी बरोही अतुल भदौरिया, सायवर सेल प्रभारी सउनि सत्यवीर सिंह, प्रधान आरक्षक प्रमोद पाराशर, महेश कुमार, सतेन्द्र यादव, सोनेन्द्र राजावत, त्रिवेन्द्र सिंह, आरक्षक आनंद दीक्षित, राहुल यादव, राहुल तोमर, देवेन्द्र, अमित पाल, राजबहादुर, आकाश, विकास चौहान, राहुल शुक्ला, प्रशांत, रितिक यादव तथा ग्राम रक्षा समिति सदस्य आजम खान की महत्वपूर्ण भूमिका रही।


