– जनता को शुद्ध पानी चाहिए, घण्टा नहीं
भिण्ड, 03 जनवरी। इंदौर में दूषित पेयजल के कारण निर्दोष लोगों की मृत्यु का आंकड़ा बढ़ता ही जा रहा है, पत्रकारों के सवालों का जबाब भाजपा के कद्दावर मंत्री ने गैर जिम्मेदाराना जबाब दिया है। उसकी मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी ने निंदा करते हुए कहा कि जनता को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराओ, पूजा आराधना करने के लिए वह स्वयं घटा बजाना भी जानती है और बाजार से खरीदना भी। घंटा खरीदने के लिए जनता को मंत्री के सुझावों की आवश्यकता नहीं है, उसे तो सरकार से सिर्फ शुद्ध पेयजल की आशा है। माकपा जिला सचिव मंडल की बैठक शनिवार को राजेश शर्मा की अध्यक्षता में संपन्न हुई। जिसमें भाजपा राज्य सरकार के खिलाफ अभियान चलाने का निर्णय लिया गया।
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव मंडल सदस्य रामविलास गोस्वामी ने उक्त आरोप भाजपा सरकार पर लगाते हुए बताया कि प्रदेश के दो महानगरों में हुई 27 मौतों पर भाजपा की सरकार और मंत्री चाहे जितनी भी सफाई दें, लेकिन वह इस जिम्मेदारी से बच नहीं सकती है। उल्लेखनीय है कि पिछले सात सालों से आंकड़ों की बाजीगरी से सफाई में नंबर एक रहने वाली नगर निगम इंदौर की हकीकत जहरीला पानी पीने से हुई मौतों से सामने आ गई है। वहीं दूसरी ओर प्रदेश की संस्कारधानी कहे जाने वाले जबलपुर में जहरीली शराब से 19 मौतों के दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया है।
मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव जसविंदर सिंह ने उक्त बयान जारी कर कहा है कि जहरीले पानी से मौतें 111 को अस्पताल में भर्ती होने पर मजबूर होना और 1146 का उपचार के लिए बाध्य होना साबित करता है कि यह कोई समान्य चूक नहीं है। जहरीला पानी लंबे समय से सप्लाई किया जा रहा होगा। उधर जबलपुर में कच्ची शराब का कारोबार तो पुलिस के संरक्षण और राजनेताओं के आशीर्वाद के बिना संभव ही नहीं है। भाजपा राज में कुछ भी संभव है, पिछले दिनों खांसी की दवा के नाम दिए गए जहर से मासूम बच्चे मोत के मूंह में समा गए।
ग्वालियर में भी रेलवे स्टेशन पर पुलिस चौकी से कुछ कदम की दूरी पर नशे का धंधा पुलिस संरक्षण में हो रहा है हजीरे थाने के अंतर्गत चलने वाले अवैध शराब, सट्टा, जुआ सहित गांजा स्मेक जैसे अवैध धंधों की सिकायत करने वाले माकपा नेताओं को नोटिस भेज कर अवांछनीय और शांति के लिए खतरा बताया गया ये भाजपा सरकार का असली चरित्र है। माकपा नेता ने कहा है कि यह संयोग ही है कि प्रदेश के नगरीय प्रशासन मंत्री भी इंदौर के हैं और वे इंदौर नगर निगम के महापौर भी रहे चुके हैं। आंकड़ों के पहाड़ खड़े करने में उन्हें महारत हासिल है उनके महापौर कार्यकाल में इंदौर नगर निगम का विधवा, वृद्धा पेंशन घोटाला देश भर में चर्चित हुआ था। बीस हजार करोड़ रुपए के इस घोटाले की फाइल अभी भी मुख्यमंत्री कार्यालय में दम तोड़ रही है।
माकपा नेता जसविंदर सिंह एवं रामविलास गोस्वामी ने कहा कि जबलपुर में शराब के धंधे को चलाने और इसको संरक्षण देने वाले राजनेताओं और नौकरशाहों के नाम उजागर किए जाने चाहिए। दूसरी ओर जहरीला पानी सप्लाई होने के कारणों का पता लगाने और दोषियों को दण्डित किया जाना चाहिए। इसके साथ ही सभी मृतकों के परिजनों को 50-50 लाख रुपए मुआवजा और एक आश्रित को सरकारी नौकरी दी जाए। मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के प्रतिनिधि मंडल में राज्य सचिव मंडल सदस्य रामविलास गोस्वामी, कैलाश लिमबोदिया, जिला सचिव सीएल सरावत, भागीरथ कछवाह आज दोनों महानगरों में प्रभावित क्षेत्रों का दौरा भी कर रहे हैं। वे पीड़ित परिवारों से भी मुलाकात की।

