– पूर्व मुख्यमंत्री ज्योती बसू स्मृति दिवस पर बैठक आयोजित
भिण्ड, 17 जनवरी। पूर्व मुख्यमंत्री ज्योती बसू स्मृति दिवस पर नवीन कृषि उपज मण्डी भिण्ड में ब्रजमोहन कुशवाहा की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई।
इस अवसर पर सीटू जिला महासचिव अनिल दौनेरिया ने कहा कि कामरेडों का मुख्य लक्ष्य जनता की भलाई करना है, इसके लिए कामरेडों की विचार धारामक समझ स्पष्ट होनी चाहिए, सामाजिक परिवर्तन के लिए जनता में क्रांतिकारी चेतना का प्रचार प्रसार करके ही जनता की सहभागिता से बदलाव लाना कामरेड का उद्देश्य है, इसके अतिरिक्त कम्युनिस्टों के जीवन का कोई उद्देश्य नहीं है। यह वाक्य है पश्चिम बंगाल के पूर्व मुख्यमंत्री ज्योति बसू के, जो कामरेडों के लिए आज भी पथ-प्रदर्शक हैं। 17 जनवरी 2010 को निधन से पूर्व ज्योति बसू भारत की राजनीति में एक ध्रुव तारा थे। ज्योति बसू का भूमि सुधार से भूमिहीनों जनता को जमीन देने के साथ पुलिस को भी संगठन बनाने का अधिकार केवल ज्योती बसू की बामपंथी सरकार ने दिए थे।
सीटू जिला अध्यक्ष विनोद सुमन ने संबोधित करते हुए कहा कि श्रमिकों कर्मचारियों के कल्याण की योजनाएं केन्द्र एवं राज्य भाजपा सरकार बन्द कर रही है। उन्होंने 12 फरवरी की राष्ट्रीय हड़ताल का औचित्य स्पष्ट करते हुए कहा कि श्रमिकों ने अधिकार प्राप्त करने के लिए कुर्बानी पूर्वजों द्वारा दी गई थी, अधिकारों को बचाने के लिए संपूर्ण भारत में मेहनतकश 12 फरवरी को काम बंद कर सड़कों पर जुलूश निकालेंगे। भिण्ड जिला में निकलने वाले जलूश में हम्माल, पल्लेदार बड़ी संख्या में कृषि उपज मण्डी में काम बंद कर भाग लेंगे। बैठक में ब्रजमोहन कुशवाहा, महेन्द्र सिंह राठौर, धनीसिंह शाक्य, हवलदार सिंह, नाथुसिंह, कल्लू सिंह, लाखन सिंह, प्रमोद, हरविलास, रामचरन, पप्पू यादव, बैजनाथ, अशोक, वेदप्रकाश आदि उपस्थित रहे।


