– हैवदपुरा गांव में प्राथमिक विद्यालय की साफ सफाई कर लोगों को किया स्वच्छता के प्रति जागरूक
भिण्ड, 27 दिसम्बर.मनीष दुबे।
शहर के शा. उत्कृष्ट उमावि क्र.एक भिण्ड की राष्ट्रीय सेवा योजना के सात दिवसीय विशेष शिविर के तीसरे दिन की शुरुआत योगा सत्र में प्राणायाम के अभ्यास के साथ हुई। इस दौरान मुख्य रूप से वाइल्ड लाइफ एक्टिविस्ट एवं योग विशेषज्ञ डॉ. मनोज जैन उपस्थित रहे, जिन्होंने शिविरार्थियों को योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए भस्त्रिका, कपालभाती, अनुलोम विलोम, नाड़ी शोधन, उज्जायी और भ्रामरी प्राणायाम का अभ्यास कराया और उसके लाभ के बारे में बताया। अंत में शेर गर्जना और हास्य आसान करवाया गया।
डॉ. मनोज जैन ने छात्रों को वन्य प्राणी संरक्षण पर उदबोधन देते हुए बताया कि हमारे आसपास से कई पक्षी और जीवजंतु विलुप्त होते जा रहे हैं, जिससे प्रकृति का संतुलन बिगड़ रहा है, इसके लिए जागरूक होकर उनका संरक्षण करना होगा। भारी संख्या में हमारे आंगन, खेत, खलियान में फुदकने वाली गौरैया अब यदा कदा ही दिखाई देती है, इसके लिए हम सुरक्षित घोंसले तैयार करें, उनके दाने पानी की व्यवस्था कर उन्हें अनुकूल परिवेश प्रदान करें तो इन्हें बचाया जा सकता है।
छात्रों को दी विधिक और डिजिटल साक्षरता की जानकारी
बौद्धिक सत्र में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जिला न्यायालय भिण्ड से जिला विधिक सहायता अधिकारी देवेश शर्मा और माय भारत केन्द्र के जिला युवा अधिकारी आशुतोष साहू उपस्थित रहे। इस दौरान चीफ लीगल एडवाइजर हनुमंत बोहरे, जन अभियान परिषद के जिला समन्वयक डॉ. शिवप्रताप सिंह भदौरिया और वरिष्ठ कवि, साहितकर कौशलेन्द्र प्रताप सिंह कौशल मंचासीन रहे।
छात्रों ने विधिक साक्षरता पर एक लघु नाटिका प्रस्तुत कर यह संदेश दिया कि रामू काका की रसूखदार लंबरदार द्वारा हड़पी जमीन एक जागरूक स्वयं सेवक और शिक्षित सरपंच की वजह से ही वापस मिल पाई। उन्होंने रामू काका को अन्याय के खिलाफ एफआईआर करने की सलाह दी, तब पुलिस और प्रशासन के सहयोग से जमीन वापस मिली। विधिक साक्षरता पर इस नाटक की सराहना करते हुए अपने उदबोधन में विधिक सेवा अधिकारी देवेश शर्मा ने कहा कि हमें कानून का प्रारंभिक ज्ञान और उसके प्रति जागरूक रहना जरूरी है। न्याय पाने का सभी को अधिकार है। हम अपने मूल कर्तव्यों का संविधान के अनुसार अनुपालन करें, साथ ही अपने मूलभूत अधिकारों के प्रति भी सदैव सजग रहें। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिवेश में हम डिजिटल इंडिया की ओर कदम जरूर बढ़ाएं पर प्रकृति की जड़ों से जुड़े रहें,तभी सही मायने में युवा राष्ट्र विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे सकते है।
जिला युवा अधिकारी आशुतोष साहू ने माय भारत पोर्टल के बारे में विस्तार से बताते हुए कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा यह पोर्टल देश के युवाओं को व्यस्त रहने एवं जोड़ने के लिए बनाया गया है, जहां एक ही प्लेटफार्म पर युवा अपने विचार साझा कर राष्ट्र निर्माण में अपनी अहम भूमिका अदा कर सकें। आधुनिक तकनीकों, युवाओं के लिए विभिन्न अवसर, रोजगार आदि से संबंधित सभी जानकारी यहां उपलब्ध कराई गई है। रियल टाइम काम करके हम अपने अनुभव अपलोड कर यहां शेयर कर सकते हंै।
जअप के जिला समन्वयक शिवप्रताप सिंह भदौरिया ने नेतृव विकास और नैतिक शिक्षा के बारे में पौराणिक कथाओं का वृत्तांत सुनाकर छात्रों को प्रोत्साहित किया। कवि कौशलेन्द्र सिंह कौशल ने काव्यमय प्रस्तुति देकर भारतीय संस्कृति की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को राष्ट्र निर्माण और राष्ट्रोत्थान के लिए प्रेरित किया। इस दौरान छात्र नीतेश, तनीषा भदौरिया, रिचा भाटिया, दीप्ति राजावत, आंशिक मिश्रा ने भी सुंदर प्रस्तुति दी। शिक्षक गौरव कुमार गर्ग, मंजेश भदौरिया, मेघा शर्मा, अनुज धाकरे, शिवकुमार, कामिनी भाटिया, विजय, नृपेन्द्र गौतम, श्रेया, मुस्कान गोयल, अदिति वर्मा, महक, पायल, साहिल, कृष्णा सहित शिविरार्थी मौजूद रहे।


