-नदारद कर्मचारियों की सैलरी काटने के निर्देश, ई-रिक्शा और ठेलों पर की सख्ती
भिण्ड, 18 दिसम्बर। शहर की सफाई और ट्रैफिक व्यवस्था देखने के लिए कलेक्टर करोड़ी लाल मीणा गुरुवार सुबह पैदल ही सड़कों पर निकल पड़े। नगर पालिका की लापरवाही देख वे भड़क गए। निरीक्षण के दौरान कई कर्मचारी ड्यूटी से नदारद मिले, जिनकी सैलरी काटने के निर्देश कलेक्टर ने मौके पर ही दे दिए। साथ ही शहर में जगह-जगह पड़े निर्माण सामग्री के ढेर और ई-रिक्शा के कारण लग रहे जाम पर भी नाराजगी जताई।
सुबह 9 बजे कलेक्टर सबसे पहले सुभाष चौराहे पहुंचे। यहां अवैध ठेलों और गंदगी को देख नाराजगी जताई। इसके बाद स्टेशन रोड पर ई-रिक्शा की बेतरतीब पार्किंग और जाम को देख उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इनके खड़े होने के लिए अलग जगह तय की जाए।
कचरा गाड़ी लेट और नालियां जाम
कलेक्टर किरोड़ीलाल मीणा पैदल ही सब्जी मंडी, संतोषी माता मंदिर रोड और बूटा बाजार पहुंचे। यहां कई जगहों पर गंदगी का अंबार मिला। कहीं कचरा गाड़ी समय पर नहीं पहुंची थी, तो कहीं नालियां चोक थीं। इस पर कलेक्टर ने नगर पालिका अधिकारियों की क्लास लगा दी। उन्होंने कहा कि जहां संसाधनों की कमी है, वहां उन्हें बढ़ाया जाएगा।
खुले गड्ढे देख मकान मालिक को नोटिस
धनवंतरी कॉम्प्लेक्स के सामने एक निर्माणाधीन मकान के लिए खोदे गए गड्ढों में सुरक्षा इंतजाम नहीं थे। इसे देख कलेक्टर ने तुरंत नोटिस जारी करने और सुरक्षा घेराबंदी करने को कहा। सड़कों पर पड़ी गिट्टी-रेत को भी हटाने के आदेश दिए। करीब एक घण्टे चले इस औचक निरीक्षण से से नगर पालिका में हड़कंप मच गया। अधिकारी कर्मचारियों को तुरंत बुलाते नजर आए। कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि संसाधनों की कमी होने पर उन्हें बढ़ाया जाएगा, लेकिन लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


