– फिल्मी लूटकाण्ड ने दहला दिया था शहर का दिल
भिण्ड, 12 दिसम्बर। फरवरी 2025 में कोतवाली क्षेत्र के हनुमान बजरिया में हुई सनसनीखेज लूटकाण्ड का भिण्ड पुलिस ने मात्र 24 घण्टे के भीतर खुलासा कर अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया था, इस बेहतरीन पुलिसिंग और जांबाजी के लिए मप्र के डीजीपी कैलाश मकवाना द्वारा जिले के उत्कृष्ट पुलिस अधिकारियों एवं जवानों को सम्मानित किया गया, यह कार्रवाई पुलिस की त्वरित प्रतिक्रिया, तकनीकी कौशल और अदम्य साहस का जीवंत उदाहरण बन गई है।
विगत फरवरी माह में शहर के मध्य स्थित हनुमान बजरिया की सुनार की दुकान पर अज्ञात बदमाशों ने धावा बोलकर कीमती जेवरात लूट लिए और मौके से फरार हो गए थे, व्यापारी वर्ग में भय का माहौल था और लोग पुलिस प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की अपेक्षा कर रहे थे। घटना की सूचना प्राप्त होते ही एसपी डॉ. असित यादव स्वयं पुलिस टीम के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे थे, उन्होंने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया था, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और अपराधियों को हर हाल में 24 घण्टे के भीतर पकड़ने का आश्वासन दिया था।
अटेर के जंगलों में हुई थी मुठभेड़
पुलिस की क्राइम टीम ने तकनीकी सर्विलांस और मानवीय खुफिया तंत्र के आधार पर लुटेरों का सुराग अटेर के घने जंगलों में ढूंढ निकाला था, पुलिस ने सभी लुटेरों घेराबंदी की, जिसके दौरान लुटेरों और पुलिस टीम के बीच मुठभेड़ भी हुई थी जिसमें सभी जांबाज पुलिस कर्मियों ने बिना किसी जनहानि के सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उनके कब्जे से लूटे गए सोने-चांदी के आभूषण एवं अन्य सामग्री भी बरामद कर ली थी, इस सफलता ने पुलिस की तकनीकी दक्षता और फील्ड एक्शन को नए स्तर पर स्थापित किया।
उत्कृष्ट कार्य के लिए पुलिस टीम सम्मानित
लूट काण्ड के सफल खुलासे में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को डीजीपी कैलाश मकवाना द्वारा सम्मानित किया गया। सम्मानित होने वालों में प्रमुख रूप से ऊमरी थाना प्रभारी शिवप्रताप सिंह राजावत, बरोही थाना प्रभारी अतुल भदौरिया, भारौली थाना प्रभारी गिरीश शर्मा, वैभव तोमर एवं क्राइम टीम के अन्य कर्मी शामिल रहे। इन अधिकारियों ने न केवल अपराधियों को गिरफ्तार कर पुलिस का मान बढ़ाया, बल्कि जिले में कानून व्यवस्था की मजबूती का अहसास भी कराया।


